खुला मुँह गैस छोड़ सकता है।
कॉर्क बंद तंत्र बनाता है। तभी दोनों तौल की तुलना सही है।
कक्षा 9 · विज्ञान · अध्याय 3 · बिहार बोर्ड (BSEB)CBSE · NCERT 2026-27
Atoms and Molecules
इस पेज को ऐसे पढ़ो:
1. पढ़ो — 3.1 द्रव्यमान · 3.2 परमाणु अनुपात · समूह: सूत्र का खेल, चित्र, हल उदाहरण, बोर्ड टिप
2. जाँचो — हर पाठ के अपने प्रश्न; संख्या पाठ के हिसाब से
3. महारत ★ — उस पाठ के सब सही। गलत वाले «दोबारा करो»
4. पानी और मैग्नीशियम क्लोराइड का याद रखने वाला चित्र संयोजकता का क्रिस-क्रॉस दिखाता है — H2O और MgCl2।
बिहार की किताब में यह अध्याय 3 है। NCERT 2026-27 अन्वेषण में परमाणु का क्रम अलग है। प्रगति इसी ब्राउज़र में सेव रहती है।
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इस अध्याय का कोई Short अभी चैनल पर नहीं है, इसलिए दस खाली कार्ड नहीं दिखाए गए। नोट्स, चित्र और जाँच-प्रश्न पूरे हैं।
Conservation of mass — Activity 3.1 · बिहार 3.1.1 · क्रियाकलाप 3.1
अठारहवीं सदी के अंत तक तत्व और यौगिक अलग पहचाने जाने लगे। लैवोजिए ने रासायनिक संयोजन के नियमों की नींव रखी। स्थिर अनुपात वाला नियम जोसेफ एल. प्राउस्ट के प्रयोगों से जुड़ा है।
पहला सवाल यह था कि अभिक्रिया में कुल द्रव्यमान बदलता है या नहीं। द्रव्यमान न बनता है, न नष्ट होता है। अभिकारकों का योग उत्पादों के योग के बराबर रहता है।
तीन जोड़ियों में से एक लो। X और Y को 5% घोल के रूप में अलग-अलग बनाओ।
Y का थोड़ा घोल शंक्वाकार फ्लास्क में रखो। X का घोल इग्निशन नली में भरो। नली को फ्लास्क में इस तरह लटकाओ कि घोल अभी मिलें नहीं। मुँह पर कॉर्क लगाओ। फ्लास्क को सामान सहित तौल लो। फिर फ्लास्क को झुकाकर घुमाओ ताकि X और Y मिल जाएँ। फिर से तौल लो।
मिलने पर नया पदार्थ बनता है, इसलिए अभिक्रिया हुई है। तौल नहीं बदलती, क्योंकि कुछ अंदर नहीं आया और कुछ बाहर नहीं गया।
खुले मुँह से गैस निकल सकती है। तब तराजू कम द्रव्यमान दिखाएगा और नियम गलत लगेगा। नियम फ्लास्क पर नहीं, बंद तंत्र पर है।
प्रश्न: 5.3 g सोडियम कार्बोनेट ने 6 g एथेनॉइक अम्ल से क्रिया की। उत्पाद हैं 2.2 g कार्बन डाइऑक्साइड, 0.9 g पानी और 8.2 g सोडियम एथेनोएट। द्रव्यमान संरक्षण जाँचो।
सूत्र: अभिकारकों का द्रव्यमान = उत्पादों का द्रव्यमान।
मान: बाईं ओर 5.3 g + 6 g = 11.3 g। दाईं ओर 2.2 g + 0.9 g + 8.2 g = 11.3 g।
इकाई: दोनों ओर 11.3 g। द्रव्यमान बचा रहा। शब्द-समीकरण: सोडियम कार्बोनेट + एथेनॉइक अम्ल → सोडियम एथेनोएट + कार्बन डाइऑक्साइड + पानी।
उत्तर में दोनों ओर का जोड़ अलग-अलग लिखो। केवल «बराबर है» अधूरा रहता है।
कॉर्क का कारण गैस का बाहर न जाना है। «फ्लास्क सुंदर लगे» कारण नहीं है।
खुला मुँह गैस छोड़ सकता है।
कॉर्क बंद तंत्र बनाता है। तभी दोनों तौल की तुलना सही है।
गलत — द्रव्यमान न बनता है, न नष्ट होता है।
इन्होंने रासायनिक विज्ञान की नींव रखी।
लैवोजिए। स्थिर अनुपात वाला नियम प्राउस्ट का है।
दोनों ओर का योग बराबर रखना है।
5.3 + 6 = 11.3 g। उत्पाद भी 2.2 + 0.9 + 8.2 = 11.3 g हैं।
एक जोड़ा बेरियम क्लोराइड और सोडियम सल्फेट है। कॉर्क लगा फ्लास्क बंद है। अभिक्रिया में द्रव्यमान नष्ट नहीं होता, इसलिए तौल नहीं बदलती।
Constant proportions and Dalton · बिहार 3.1.2 · डाल्टन के छह बिंदु
प्राउस्ट के अनुसार किसी रासायनिक पदार्थ में तत्व हमेशा द्रव्यमान के निश्चित अनुपात में होते हैं। इसे स्थिर अनुपात या निश्चित अनुपात का नियम कहते हैं।
पानी में हाइड्रोजन और ऑक्सीजन का द्रव्यमान अनुपात हमेशा 1:8 है। 9 g पानी से 1 g हाइड्रोजन और 8 g ऑक्सीजन मिलते हैं। अमोनिया में नाइट्रोजन और हाइड्रोजन 14:3 के अनुपात में रहते हैं। कार्बन डाइऑक्साइड में कार्बन और ऑक्सीजन 3:8 हैं।
यौगिक में तत्वों का द्रव्यमान अनुपात निश्चित रहता है। डाल्टन ने इन्हीं नियमों को परमाणुओं से समझाया। उनके छह बिंदु ये हैं। हर पदार्थ बहुत छोटे कणों, परमाणुओं, से बना है। रासायनिक अभिक्रिया में परमाणु न तो बनते हैं न नष्ट होते हैं। एक तत्व के परमाणु द्रव्यमान और रासायनिक गुणों में एक जैसे हैं। अलग तत्वों के परमाणु अलग हैं। यौगिक में परमाणु छोटे पूर्णांकों के अनुपात में जुड़ते हैं। किसी यौगिक में परमाणुओं की सापेक्ष संख्या और प्रकार स्थिर रहते हैं।
दूसरा बिंदु द्रव्यमान संरक्षण का परिणाम है। अंतिम बिंदु निश्चित अनुपात के नियम को समझाता है। कणाद ने इन छोटे कणों को परमाणु कहा था। डेमोक्रिटस ने इन्हें atom कहा, जिसका अर्थ अविभाज्य है। वे बातें दर्शन थीं। डाल्टन ने इन्हें नियमों पर खड़ा किया।
प्रश्न: हाइड्रोजन और ऑक्सीजन 1:8 द्रव्यमान अनुपात में पानी बनाते हैं। 3 g हाइड्रोजन के लिए कितनी ऑक्सीजन चाहिए?
सूत्र: m(O) = 8 × m(H)।
मान: m(O) = 8 × 3 g = 24 g। पानी = 3 g + 24 g = 27 g।
इकाई: ऑक्सीजन 24 g। यह 9 g पानी वाले 1 g और 8 g का तीन गुना है।
नियम का नाम और उदाहरण दोनों लिखो। केवल 1:8 बिना पानी के अधूरा है।
प्रश्न पूछे कि कौन-सा बिंदु किस नियम से आया। दूसरा बिंदु संरक्षण है, अंतिम बिंदु निश्चित अनुपात है।
सही — यही स्थिर अनुपात है।
अंतिम बिंदु यौगिक की तय बनावट है।
सापेक्ष संख्या और प्रकार स्थिर रहें तो द्रव्यमान अनुपात भी स्थिर रहता है। संरक्षण वाला बिंदु दूसरा है।
m(O) = 8 × m(H) = 8 × 3 g = 24 g। ऑक्सीजन 24 g चाहिए।
पानी वाला अनुपात 1:8 है, यह दूसरा है।
14:3। स्रोत या विधि बदलने पर भी यही रहता है।
Atoms, symbols and u · बिहार 3.2 · संकेत · कार्बन-12
परमाणु पदार्थ की ईंट है, पर यह कागज की मोटाई से भी बहुत छोटा है। लाखों परमाणु एक के ऊपर रखो तो भी परत कागज जितनी पतली रहती है। त्रिज्या नैनोमीटर में नापते हैं। 1 nm = 10−9 m। हाइड्रोजन परमाणु की त्रिज्या लगभग 10−10 m है।
नंगी आँख से परमाणु नहीं दिखता। आधुनिक चित्र सतह के परमाणु दिखा सकते हैं, जैसे सिलिकॉन की सतह। अधिकांश तत्व के परमाणु अकेले नहीं रहते। वे अणु या आयन बनाते हैं।
बर्जिलियस ने संकेत एक या दो अक्षरों से बनाए। पहला अक्षर बड़ा, दूसरा छोटा। Al सही है, AL गलत। Co कोबाल्ट है, CO कार्बन मोनोऑक्साइड जैसा पढ़ा जाता है। कुछ संकेत लैटिन से हैं: लोहा Fe (ferrum), सोडियम Na (natrium), पोटैशियम K (kalium)। IUPAC नाम मानता है। सारे संकेत एक दिन में याद करने की ज़रूरत नहीं।
1961 से परमाणु द्रव्यमान का मानक कार्बन-12 है। 1 u = कार्बन-12 के एक परमाणु के द्रव्यमान का 1/12। सापेक्ष परमाणु द्रव्यमान, परमाणु के औसत द्रव्यमान की तुलना इस 1/12 से है। तालिका के कुछ मान ये हैं।
| तत्व | संकेत | द्रव्यमान (u) |
|---|---|---|
| H | H | 1 |
| C | C | 12 |
| N | N | 14 |
| O | O | 16 |
| Na | Na | 23 |
| S | S | 32 |
| Cl | Cl | 35.5 |
| Ca | Ca | 40 |
क्लोरीन 35.5 u है। यह आधा परमाणु नहीं है। औसत अगले अध्याय में खुलता है। यहाँ तालिका का मान ही गणना में लो।
प्रश्न: 3 g कार्बन, 4 g ऑक्सीजन से जुड़कर CO बनाता है। कार्बन को 12 u मानो। ऑक्सीजन का सापेक्ष द्रव्यमान निकालो।
सूत्र: परमाणु द्रव्यमान (O) = (ऑक्सीजन का द्रव्यमान / कार्बन का द्रव्यमान) × परमाणु द्रव्यमान (C)।
मान: (4 g / 3 g) × 12 u = (4/3) × 12 u = 16 u।
इकाई: 16 u। अगर कार्बन को 1 u मानते तो ऑक्सीजन 4/3 ≈ 1.33 u आती। पूर्णांक के लिए कार्बन-12 का पैमाना आसान है।
u की परिभाषा में «कार्बन-12 का बारहवाँ भाग» पूरे वाक्य में लिखो। केवल «छोटा माप» नहीं।
CO और Co अलग हैं। दूसरा अक्षर हमेशा छोटा होता है।
मानक 1961 का कार्बन-12 है।
1 u, कार्बन-12 के एक परमाणु का ठीक बारहवाँ भाग है। 12 g एक मोल का द्रव्यमान है, 1 u नहीं।
दो अक्षर, दूसरा छोटा।
Fe। सोडियम Na और पोटैशियम K भी लैटिन से हैं।
गलत — कोबाल्ट Co है। CO कार्बन मोनोऑक्साइड पढ़ा जाता है।
(4/3) × 12।
(4/3) × 12 u = 16 u। इकाई u है, g नहीं।
नौ शून्य वाले छोटे भाग की बात है।
10⁻⁹ m। 1 m = 10⁹ nm।
1 u, कार्बन-12 के एक परमाणु के द्रव्यमान का 1/12 है। 35.5 u तालिका का औसत मान है, किसी एक परमाणु का आधा टुकड़ा नहीं।
Molecules and the atom ratio — Activity 3.2 · बिहार 3.3 · क्रियाकलाप 3.2
अणु, तत्व या यौगिक का वह सबसे छोटा कण है जो स्वतंत्र रह सकता है और पदार्थ के गुण दिखाता है। एक ही तत्व के परमाणु जुड़ें या अलग तत्वों के।
आर्गन और हीलियम एक-परमाणुक हैं। ऑक्सीजन, हाइड्रोजन, नाइट्रोजन और क्लोरीन द्वि-परमाणुक हैं: O2, H2, N2, Cl2। फॉस्फोरस चतुर्परमाणुक है, P4। सल्फर बहुपरमाणुक है, S8। अणु में परमाणुओं की संख्या को परमाणुता कहते हैं। ओज़ोन में ऑक्सीजन के तीन परमाणु होते हैं। धातु और कार्बन की सरल छोटी संख्या नहीं होती।
यौगिक में अलग तत्वों के परमाणु निश्चित अनुपात में जुड़ते हैं। पानी H और O, द्रव्यमान 1:8। अमोनिया N और H, 14:3। कार्बन डाइऑक्साइड C और O, 3:8।
द्रव्यमान अनुपात को परमाणु द्रव्यमान से भाग दो। जो अनुपात आए उसे छोटे पूर्णांकों में करो। यही अणु में परमाणुओं की संख्या का अनुपात है।
पानी के लिए किताब यही कदम दिखाती है। हाइड्रोजन: द्रव्यमान भाग 1, परमाणु द्रव्यमान 1 u, अनुपात 1/1 = 1। ऑक्सीजन: द्रव्यमान भाग 8, परमाणु द्रव्यमान 16 u, अनुपात 8/16 = 1/2। दोनों को 2 से गुणा करो। H:O = 2:1, इसलिए पानी H2O है।
प्रश्न: कार्बन डाइऑक्साइड में C:O द्रव्यमान अनुपात 3:8 है। परमाणु संख्या का अनुपात निकालो। C = 12 u, O = 16 u।
सूत्र: संख्या अनुपात = द्रव्यमान भाग / परमाणु द्रव्यमान।
मान: C = 3/12 = 1/4। O = 8/16 = 1/2। दोनों को 4 से गुणा: C = 1, O = 2।
इकाई: अनुपात परमाणुओं की संख्या का है, 1:2। सूत्र CO2।
द्रव्यमान अनुपात और परमाणु अनुपात एक साथ मत लिखना। पानी में 1:8 द्रव्यमान है और 2:1 संख्या।
भाग देने के बाद भिन्न को पूर्णांक बनाओ। 1/4 और 1/2 को वैसे का वैसा सूत्र मत बनाना।
P4 चतुर्परमाणुक है। S8 अलग है।
4। आर्गन 1, ऑक्सीजन 2, सल्फर बहुपरमाणुक है।
गलत — He एक-परमाणुक है। द्वि-परमाणुक उदाहरण O2 और H2 हैं।
द्रव्यमान 1:8 है। संख्या के लिए 8/16 को दुगुना करो।
2:1। इसलिए सूत्र H2O है।
संख्या = द्रव्यमान / परमाणु द्रव्यमान। N = 14/14 = 1। H = 3/1 = 3। अनुपात 1:3 है, सूत्र NH3।
तत्व और यौगिक दोनों के अणु होते हैं।
अणु स्वतंत्र रह सकता है और पदार्थ के गुण दिखाता है। आवेश आयन की पहचान है।
Ions and formulae — the group activity · बिहार 3.4 · समूह क्रियाकलाप · चित्र
धातु और अधातु वाले यौगिक में आवेशित कण होते हैं। ये आयन हैं। धन आवेश वाला धनायन है, ऋण आवेश वाला ऋणायन। NaCl में Na+ और Cl− हैं। एक से अधिक परमाणुओं का समूह अगर आवेश रखे तो वह बहुपरमाणुक आयन है, जैसे SO42−, OH−, NH4+।
संयोजकता जोड़े जाने की क्षमता है। इसे हाथों की तरह सोचो। क्रिस-क्रॉस में एक की संयोजकता दूसरे की संख्या बनती है। कुल आवेश शून्य रहना चाहिए।
नियम तीन हैं। आवेश या संयोजकता संतुलित हो। धातु और अधातु में धातु का संकेत पहले लिखो, जैसे CaO, NaCl। बहुपरमाणुक आयन एक से अधिक बार हो तो कोष्ठक लगाओ। एक बार हो तो कोष्ठक नहीं, जैसे NaOH। तैयार सूत्र में आवेश नहीं लिखते। दोनों संयोजकता बराबर हों तो काट दो: Ca2O2 नहीं, CaO।
यह नंबर वाला क्रियाकलाप 3.3 नहीं है। समूह में संकेत और संयोजकता की अलग पट्टियाँ बनाओ। दाएँ हाथ में संकेत, बाएँ में संयोजकता। संकेत जगह पर रहें और संयोजकता क्रिस-क्रॉस हो।
सस्ती मॉडल के लिए दवा के खाली छाले काटो, संयोजकता जितने खाने। एक प्रकार का आयन दूसरे में बैठे। सोडियम सल्फेट में दो सोडियम आयन एक सल्फेट पर बैठते हैं, सूत्र Na2SO4। खुद करो: सोडियम फॉस्फेट Na3PO4 है, क्योंकि फॉस्फेट की संयोजकता 3 है।
प्रश्न: कैल्सियम हाइड्रॉक्साइड का सूत्र लिखो। Ca की संयोजकता 2 है, OH की 1।
सूत्र: क्रिस-क्रॉस — Ca की संख्या = OH की संयोजकता नहीं, बल्कि OH की संख्या = Ca की संयोजकता।
मान: Ca एक, OH दो। कोष्ठक चाहिए क्योंकि OH दो बार है।
इकाई: गिनती परमाणुओं की है। सूत्र Ca(OH)2। इसमें Ca = 1, O = 2, H = 2। CaOH2 गलत है।
कोष्ठक वाला एक उदाहरण और बिना कोष्ठक वाला एक उदाहरण साथ लिखो। परीक्षा में यही जोड़ा पूछते हैं।
Cu(NO3)2 में नाइट्रेट दो बार है, इसलिए कोष्ठक है। NaNO3 में एक बार है, कोष्ठक नहीं।
10-सेकंड रिवीजन
Mg की संयोजकता 2, Cl की 1।
MgCl2। 2 और 1 काटने लायक समान नहीं हैं। आवेश सूत्र में नहीं लिखते।
Al की 3 और O की 2 क्रिस-क्रॉस।
Al2O3। दो ऐलुमिनियम और तीन ऑक्साइड आयन से आवेश +6 और −6 कट जाते हैं।
गलत — दो OH के कारण Ca(OH)2 लिखते हैं।
समूह क्रियाकलाप का खुद करो। फॉस्फेट की संयोजकता 3 है।
Na3PO4। तीन सोडियम आयन एक फॉस्फेट पर बैठते हैं।
H2S में 3 परमाणु हैं, दो हाइड्रोजन और एक सल्फर। PO4^3− में 5 परमाणु हैं, एक फॉस्फोरस और चार ऑक्सीजन।
गलत — OH एक ही बार है, इसलिए NaOH। कोष्ठक Ca(OH)2 में है।
Molecular mass and formula unit mass · बिहार 3.5.1 और 3.5.2
अणु का आणविक द्रव्यमान उस अणु के सब परमाणुओं के परमाणु द्रव्यमान का योग है। इकाई u है।
आयनों से बना पदार्थ अणु की तरह एक स्वतंत्र अणु नहीं होता। उसके लिए सूत्र इकाई कहते हैं। जोड़ का तरीका वही है। NaCl की सूत्र इकाई द्रव्यमान 23 + 35.5 = 58.5 u है। आयनिक यौगिक पर आणविक द्रव्यमान नहीं, सूत्र इकाई द्रव्यमान लिखो।
प्रश्न: HNO3 का आणविक द्रव्यमान और CaCl2 का सूत्र इकाई द्रव्यमान निकालो। H = 1, N = 14, O = 16, Ca = 40, Cl = 35.5।
सूत्र: योग = हर परमाणु का द्रव्यमान × उसकी संख्या।
मान: HNO3 = 1 + 14 + 3 × 16 = 1 + 14 + 48 = 63 u। CaCl2 = 40 + 2 × 35.5 = 40 + 71 = 111 u।
इकाई: दोनों उत्तर u में हैं। HNO3 आणविक द्रव्यमान है। CaCl2 सूत्र इकाई द्रव्यमान है।
प्रश्न में «आणविक» हो या «सूत्र इकाई», जोड़ दिखाओ और सही नाम लिखो।
Cl = 35.5 है तो 2×35.5 = 71 लिखो। 2×35 = 70 गलती है।
10-सेकंड रिवीजन
दो हाइड्रोजन और एक ऑक्सीजन।
18 u। 2×1 + 16 = 18।
CaCl2 आयनों से बना है।
सूत्र इकाई द्रव्यमान। जोड़ 40 + 2×35.5 = 111 u है।
ZnO = 65 + 16 = 81 u। Na2O = 2×23 + 16 = 46 + 16 = 62 u।
गलत — NaCl के लिए सूत्र इकाई द्रव्यमान कहते हैं। 23 + 35.5 = 58.5 u।
The mole and the Avogadro number · बिहार 3.5.3 · 6.022 × 10^23
पानी बनने की अभिक्रिया अणुओं की गिनती भी बताती है और द्रव्यमान भी।
दो हाइड्रोजन अणु एक ऑक्सीजन अणु से दो पानी अणु बनाते हैं। द्रव्यमान की भाषा में 4 u हाइड्रोजन और 32 u ऑक्सीजन से 36 u पानी बनता है। गिनती सीधे समीकरण में है, इसलिए रसायनज्ञ द्रव्यमान से पहले कणों की संख्या की इकाई चाहते थे।
1 मोल किसी भी कणों की वह संख्या है जिसका द्रव्यमान ग्राम में परमाणु या आणविक द्रव्यमान के अंक के बराबर हो। 1 मोल = 6.022 × 1023 कण। यह आवोगाद्रो संख्या है। ठीक 12 g कार्बन-12 में इतने ही परमाणु हैं। मोलर द्रव्यमान वही अंक है, इकाई u की जगह g। हाइड्रोजन परमाणु का 1 मोल 1 g है। पानी का 1 मोल 18 g है और उसमें 6.022 × 1023 अणु हैं।
तीन सूत्र काफी हैं। मोल = दिया द्रव्यमान / मोलर द्रव्यमान। मोल = दी गई संख्या / आवोगाद्रो संख्या। कणों की संख्या = मोल × आवोगाद्रो संख्या।
प्रश्न: (i) 52 g हीलियम में कितने मोल हैं? He = 4 u। (ii) 0.5 मोल N2 का द्रव्यमान क्या है? N2 = 28 u।
सूत्र: n = m / M और m = M × n।
मान: (i) n = 52 g / 4 g = 13 मोल। (ii) m = 28 g × 0.5 = 14 g।
इकाई: पहला उत्तर 13 mol है, दूसरा 14 g। 0.5 मोल N परमाणु होते तो 14 × 0.5 = 7 g होते, क्योंकि N का मोलर द्रव्यमान 14 g है।
परमाणु और अणु का मोलर द्रव्यमान अलग रखो। 0.5 मोल N और 0.5 मोल N2 के द्रव्यमान 7 g और 14 g हैं।
संख्या माँगने पर आवोगाद्रो संख्या से गुणा करना मत भूलना। केवल मोल लिख देना अधूरा है।
10-सेकंड रिवीजन
He का मोलर द्रव्यमान 4 g है।
n = 52/4 = 13 मोल। 6.022 × 10^23 एक मोल की संख्या है।
इसे आवोगाद्रो संख्या कहते हैं।
6.022 × 10^23। यही 1 मोल है।
O2 का मोलर द्रव्यमान 32 g है। n = 8/32 = 0.25 मोल। संख्या = 0.25 × 6.022 × 10^23 = 1.5055 × 10^23 अणु।
सही — आणविक द्रव्यमान 18 u है, इसलिए मोलर द्रव्यमान 18 g है।
N परमाणु का मोलर द्रव्यमान 14 g है, N2 का 28 g।
m = 14 × 0.5 = 7 g। 14 g पूरे 0.5 मोल N2 का द्रव्यमान होता।
प्रकार चुनो। पाठों के 35 जाँच-प्रश्न अलग हैं — हर पाठ में जितने उसके विषय माँगते हैं। सब सही होने पर महारत ★ मिलती है।
कोई भी प्रश्न «सत्यापित PYQ» नहीं है। BSEB वाला सेट मॉडल अभ्यास है। CBSE वाले प्रश्न CBSE-शैली हैं, किसी वर्ष के पेपर की प्रति नहीं।
बंद तंत्र की बात है।
कुल द्रव्यमान वही रहता है।
निश्चित अनुपात वही नियम है।
प्राउस्ट। लैवोजिए द्रव्यमान संरक्षण से जुड़े हैं।
H:O = 1:8।
8 g ऑक्सीजन और 1 g हाइड्रोजन।
दूसरा बिंदु।
परमाणु न बनते हैं न नष्ट होते हैं।
लैटिन natrium।
Na। S सल्फर है और N नाइट्रोजन।
1961 का मानक।
कार्बन-12 के 1/12 से।
Cl2।
क्लोरीन। आर्गन और हीलियम एक-परमाणुक हैं। P4 चार परमाणुओं का है।
ताँबा (II) की संयोजकता 2, नाइट्रेट की 1।
Cu(NO3)2। नाइट्रेट दो बार है इसलिए कोष्ठक है।
क्विक लाइम CaO है।
कैल्सियम और ऑक्सीजन।
1 + 14 + 48।
63 u।
आवोगाद्रो संख्या।
6.022 × 10^23। 18 g केवल पानी के 1 मोल का द्रव्यमान है।
एक से अधिक परमाणु और एक आवेश।
SO4^2−। Na+ और Cl− एक-परमाणुक आयन हैं।
3 g कार्बन 8 g ऑक्सीजन से 11 g CO2 बनाता है।
11.00 g। अतिरिक्त ऑक्सीजन नहीं जुड़ती। यह स्थिर अनुपात है।
चार संकेत गिनो।
नाइट्रोजन नहीं है। Na, H, C और O हैं।
गलत — तंत्र बंद होना चाहिए। इसी लिए कॉर्क है।
सही — यह उनका तीसरा बिंदु है। समस्थानिक की बात अगले अध्याय में है।
गलत — पोटैशियम K है। P फॉस्फोरस है।
सही — S8। फॉस्फोरस P4 चतुर्परमाणुक है।
गलत — सूत्र MgCl2 है, Mg^2+Cl−2 नहीं।
सही — NaCl और CaCl2 इसी वर्ग में हैं।
सही — परमाणु द्रव्यमान 1 u है, इसलिए ग्राम परमाणु द्रव्यमान 1 g है।
गलत — Ar एक-परमाणुक है।
पानी 1:8 इसी के अंतर्गत है।
प्राउस्ट वाला नियम।
2:1।
1/1 और 8/16 को पूर्णांक बनाओ।
natrium।
संकेत Na यहीं से है।
CaO।
दोनों संयोजकता 2 हैं, काट दो।
बहुपरमाणुक।
P4 चतुर्परमाणुक है।
6.022 × 10^23।
12 g कार्बन-12 में इतने परमाणु हैं।
78 + 12 + 48 = 138 u।
2×39 + 12 + 3×16।
AlCl3।
Al की संयोजकता 3, Cl की 1।
लोहा Fe, पोटैशियम K, चाँदी Ag, सोना Au।
पानी 1:8, अमोनिया 14:3, कार्बन डाइऑक्साइड 3:8, नमक 23:35.5।
अभिकथन (A): बंद फ्लास्क की दोनों तौल बराबर रहती हैं।
कारण (R): रासायनिक अभिक्रिया में द्रव्यमान न बनता है न नष्ट होता है।
दोनों सही हैं और R, A की व्याख्या है।
अभिकथन (A): हर स्रोत के पानी में हाइड्रोजन और ऑक्सीजन 1:8 द्रव्यमान अनुपात में होते हैं।
कारण (R): शुद्ध यौगिक में तत्व द्रव्यमान के निश्चित अनुपात में रहते हैं।
दोनों सही हैं और R सही कारण है।
अभिकथन (A): कोबाल्ट का संकेत Co है।
कारण (R): CO और Co एक ही पदार्थ के दो लिखने के ढंग हैं।
A सही है। R गलत है। CO कार्बन मोनोऑक्साइड है, Co कोबाल्ट।
अभिकथन (A): Ca(OH)2 और CaOH2 एक ही गिनती दिखाते हैं।
कारण (R): बहुपरमाणुक समूह एक से अधिक बार हो तो कोष्ठक लगता है।
A गलत है। CaOH2 में हाइड्रोजन की गिनती अलग पढ़ी जाती है। R सही है।
अभिकथन (A): 1 मोल पानी का द्रव्यमान 18 g है।
कारण (R): आवोगाद्रो संख्या 6.022 × 10^23 है।
दोनों सही हैं, पर R, 18 g की व्याख्या नहीं है। 18 g आणविक द्रव्यमान से आता है।
Ar एक, N2 और Cl2 दो, P4 चार।
Na+ धनायन है, Cl− ऋणायन। NH4+ और CO3^2− बहुपरमाणुक हैं।
रासायनिक अभिक्रिया में द्रव्यमान न तो बनता है और न नष्ट होता है।
परमाणुओं का वह समूह जो एक तय आवेश रखता है, बहुपरमाणुक आयन है। उदाहरण SO4^2− या OH−।
1 u, कार्बन-12 के एक परमाणु के द्रव्यमान का ठीक 1/12 है।
हाइड्रोजन ब्रोमाइड में हाइड्रोजन और ब्रोमीन हैं। पोटैशियम सल्फेट में पोटैशियम, सल्फर और ऑक्सीजन हैं।
रासायनिक सूत्र यौगिक की बनावट का संकेत है। वह तत्व और हर तत्व के परमाणुओं की संख्या दिखाता है।
बोरॉन % = (0.096 / 0.24) × 100 = 40%। ऑक्सीजन % = (0.144 / 0.24) × 100 = 60%।
ZnO = 65 + 16 = 81 u। Na2O = 46 + 16 = 62 u। K2CO3 = 78 + 12 + 48 = 138 u।
(a) O2 = 32 g, n = 12/32 = 0.375 मोल। (b) H2O = 18 g, n = 20/18 = 10/9 मोल। (c) CO2 = 44 g, n = 22/44 = 0.5 मोल।
C2H2 = 26 g। S8 = 8×32 = 256 g। P4 = 4×31 = 124 g। HCl = 36.5 g। HNO3 = 63 g।
X और Y का 5% घोल अलग बनाओ। Y फ्लास्क में, X इग्निशन नली में। कॉर्क लगाकर तौल लो, मिलाकर फिर तौल लो। 5.3 + 6 = 11.3 g और 2.2 + 0.9 + 8.2 = 11.3 g। कॉर्क गैस को बाहर नहीं जाने देता, नहीं तो द्रव्यमान कम दिखेगा।
MgCl2 क्योंकि Mg की 2 और Cl की 1। CaO क्योंकि 2 और 2 कटकर 1 और 1 बचते हैं। Cu(NO3)2 क्योंकि नाइट्रेट दो बार है। AlCl3 क्योंकि Al की 3 और Cl की 1। CaCO3 क्योंकि Ca की 2 और CO3 की 2 कट जाती हैं और कार्बोनेट एक बार है।
(a) S8 = 256 g। n = 16/256 = 1/16 मोल। संख्या = (1/16) × 6.022 × 10^23 = 3.76 × 10^22 अणु। (b) Al2O3 = 102 g। n = 0.051/102 = 0.0005 मोल। आयन = 2 × 0.0005 × 6.022 × 10^23 = 6.022 × 10^20।
यह मॉडल सेट अभ्यास के लिए है। किसी वर्ष की वार्षिक परीक्षा का प्रश्न नहीं है। स्रोत पृष्ठ मिलने पर ही वार्षिक प्रश्न जोड़े जाएँगे।
ferrum।
Fe। H, O और N अंग्रेजी नाम के पहले अक्षर हैं।
पाँचवाँ बिंदु।
छोटे पूर्णांकों के अनुपात में।
108 g।
4 × 27।
8/16 = 1/2। हाइड्रोजन का 1/1 = 1। दोनों को 2 से गुणा करने पर 2:1। सूत्र H2O है।
परमाणु रासायनिक अभिक्रिया में न बनते हैं न नष्ट होते हैं। यही संरक्षण है। यौगिक में परमाणुओं की सापेक्ष संख्या और प्रकार स्थिर रहते हैं। यही निश्चित अनुपात है। m(O) = 8 × 3 g = 24 g।
ये योग्यता-आधारित अभ्यास प्रश्न हैं। किसी CBSE प्रश्नपत्र की प्रति नहीं हैं।
पहला बड़ा, दूसरा छोटा।
कोबाल्ट Co है। CO कार्बन मोनोऑक्साइड है।
स्थिर अनुपात। 3 g कार्बन के साथ 8 g ऑक्सीजन।
अतिरिक्त ऑक्सीजन नहीं जुड़ती। CO2 11.00 g है। बचा ऑक्सीजन 42.00 g।
अभिकथन (A): Ca(OH)2 में ऑक्सीजन के दो परमाणु हैं।
कारण (R): कोष्ठक के बाहर की 2 पूरे OH समूह पर लगती है।
दोनों सही हैं और R, A की गिनती की व्याख्या है।
अभिकथन (A): 0.051 g Al2O3 में ऐलुमिनियम आयनों की संख्या 6.022 × 10^20 है।
कारण (R): Al2O3 का मोलर द्रव्यमान 54 g है।
A सही है: 102 g पर 0.0005 मोल, आयन दुगुने, 6.022 × 10^20। R गलत है। मोलर द्रव्यमान 2×27 + 48 = 102 g है।
NaCl आयनिक है, इसलिए 23 + 35.5 = 58.5 u सूत्र इकाई द्रव्यमान है। CaOH2 गलत है क्योंकि OH दो बार है। सही सूत्र Ca(OH)2 है।
n = m/M। सोडियम n = 100/23 ≈ 4.35 मोल। लोहा n = 100/56 ≈ 1.79 मोल। सोडियम के मोल अधिक हैं, इसलिए परमाणु भी अधिक हैं।
ऊपर «BSEB | CBSE» से बोर्ड बदलो। पाठ वही NCERT है।
इस पेज पर वार्षिक परीक्षा का सत्यापित प्रश्न नहीं है, क्योंकि स्रोत पृष्ठ नहीं जोड़ा गया। नीचे मॉडल सेट बोर्ड के पैटर्न पर अभ्यास के लिए है।
सत्यापित लेबल तभी लगेगा जब प्रश्न का स्रोत पृष्ठ उपलब्ध हो।
ये केस और अभिकथन-कारण अभ्यास हैं। इन्हें CBSE का पुराना प्रश्न मत समझो।
गलत प्रश्न जल्दी लौटते हैं, सही वाले कुछ दिन बाद।
आपने क्या सीखा
| क्या | याद रखने लायक |
|---|---|
| पानी, द्रव्यमान से | H:O = 1:8 |
| पानी, परमाणुओं से | H:O = 2:1 |
| 1 u | 1/12 of one carbon-12 atom |
| आवोगाद्रो संख्या | 6.022 × 10^23 |
| पानी का आणविक द्रव्यमान | 18 u |
| CaCl2 का सूत्र इकाई द्रव्यमान | 111 u |
नोट्स मूल लेखन हैं। पाठ्यपुस्तक केवल क्रम और क्रियाकलाप-संख्या के लिए संदर्भ है। «सत्यापित» केवल स्रोत पृष्ठ वाले प्रश्न पर लिखा जाएगा।